इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) बॉम्बे के पवई कैंपस में बीटेक के दूसरे वर्ष के एक छात्र की आत्महत्या का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद संस्थान परिसर में तनाव का माहौल है और पुलिस ने एक प्रोफेसर के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। पिछले कुछ महीनों में इस तरह की घटनाओं ने प्रशासनिक व्यवस्था और छात्रों की सुरक्षा पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।


परीक्षा के दौरान हुई थी घटना
मृतक छात्र की पहचान 20 वर्षीय साहिल वाकोडे के रूप में हुई है, जो ऊर्जा विज्ञान विभाग के द्वितीय वर्ष के छात्र थे। जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को दोपहर के समय परीक्षा के दौरान उन्हें कथित तौर पर मोबाइल फोन के साथ पकड़ा गया था। आरोप था कि उन्होंने परीक्षा का प्रश्नपत्र एआई प्लेटफॉर्म पर अपलोड किया था। इसके बाद वह अपने हॉस्टल के कमरे में मृत पाए गए।

माता-पिता ने लगाए उत्पीड़न के आरोप
छात्र के माता-पिता ने एक प्रोफेसर पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनका बेटा पिछले तीन महीनों से उत्पीड़न और जातिसूचक टिप्पणियों का शिकार हो रहा था। इस शिकायत के आधार पर पवई पुलिस ने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया है। एफआईआर में ऊर्जा विज्ञान विभाग के एक प्रोफेसर का नाम शामिल है, जो उस परीक्षा के दौरान इनविजिलेटर थे।

क्राइम ब्रांच को सौंपी गई जांच और छात्रों का प्रदर्शन
परिजनों और वकीलों ने न्याय की मांग करते हुए कुछ समय तक शव लेने से इनकार कर दिया था, लेकिन वरिष्ठ अधिकारियों के आश्वासन के बाद उन्होंने रात में शव स्वीकार किया। इस दुखद घटना के बाद संस्थान के छात्रों ने भी परिसर में विरोध प्रदर्शन किया और प्रशासन से पूरी पारदर्शिता एवं जवाबदेही की मांग की है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए इसकी जांच क्राइम ब्रांच को ट्रांसफर कर दी गई है।


















